उत्तर प्रदेश विधान परिषद की 11 शिक्षक एवं स्नातक सीटों पर चुनाव के कारण ड्राई डे लागू। मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, कानपुर नगर, कानपुर देहात और उन्नाव को छोड़कर 72 जिलों में प्रतिबंध की सूचना है। हालांकि, मतगणना के दिन बंदी का क्षेत्र संबंधित जिला प्रशासन के आदेश पर निर्भर करेगा।
प्रयागराज/लखनऊ
उत्तर प्रदेश में विधान परिषद (MLC) के शिक्षक एवं स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के चुनाव के मद्देनजर 23 और 27 अक्टूबर को शराब की बिक्री पर प्रतिबंध लगाया गया है। 23 अक्टूबर को मतदान और 27 अक्टूबर को मतगणना होनी है। प्रशासन का उद्देश्य चुनाव प्रक्रिया के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखना और मतदान को स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराना है।
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, उत्तर प्रदेश के 75 जिलों में से 72 जिलों में इन चुनावों के कारण ड्राई डे संबंधी आदेश लागू होने की जानकारी सामने आई है। कानपुर नगर, कानपुर देहात और उन्नाव को इस प्रतिबंध से छूट मिलने की खबर है। हालांकि, शराब की दुकानों की बंदी का वास्तविक दायरा स्थानीय प्रशासन की अधिसूचना के अनुसार निर्धारित होगा।
23 अक्टूबर को मतदान, 27 अक्टूबर को होगी मतगणना
उत्तर प्रदेश विधान परिषद की 11 सीटों के लिए द्विवार्षिक चुनाव कराया जा रहा है। इनमें पांच स्नातक निर्वाचन क्षेत्र और छह शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र शामिल हैं।
चुनाव कार्यक्रम के अनुसार:
- 23 अक्टूबर 2026: मतदान।
- मतदान का समय: सुबह 8 बजे से शाम 4 बजे तक।
- 27 अक्टूबर 2026: मतगणना।
- 31 अक्टूबर 2026: निर्वाचन प्रक्रिया पूरी करने की निर्धारित समय-सीमा।
चुनाव में लखनऊ, वाराणसी, आगरा, मेरठ और इलाहाबाद-झांसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के साथ विभिन्न शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र शामिल है
किन दुकानों पर रहेगी पाबंदी?
जिला प्रशासन की ओर से जारी आदेशों के अनुसार, संबंधित क्षेत्रों में शराब की बिक्री और आपूर्ति पर प्रतिबंध लगाया गया है। आदेशों के दायरे में निम्नलिखित प्रतिष्ठान शामिल हो सकते हैं:
- देशी शराब की दुकानें।
- विदेशी मदिरा की दुकानें।
- कंपोजिट शराब की दुकानें।
- मॉडल शॉप और बार।
- भांग एवं ताड़ी की दुकानें, जहां आदेश में शामिल हों।
- थोक मदिरा लाइसेंसधारी प्रतिष्ठान।
- संबंधित आदेशों में शामिल सैन्य और अर्धसैनिक कैंटीन।
प्रतिबंध की सटीक सूची और अवधि संबंधित जिले के आधिकारिक आदेश से तय होगी।
लखनऊ में जिलाधिकारी की ओर से 23 और 27 अक्टूबर को ड्राई डे घोषित किए जाने की रिपोर्ट प्रकाशित हुई है। मिर्जापुर में 23 अक्टूबर को मतदान के दिन शराब की थोक और फुटकर दुकानों को बंद रखने का आदेश भी रिपोर्ट किया गया है।
क्या पूरे उत्तर प्रदेश में दोनों दिन दुकानें बंद रहेंगी?
यह इस खबर का सबसे महत्वपूर्ण पहलू है।
प्रकाशित रिपोर्टों में 72 जिलों में प्रतिबंध और तीन जिलों में छूट की जानकारी दी गई है। लेकिन मतगणना के दिन प्रतिबंध का दायरा प्रत्येक जिले में समान होना जरूरी नहीं है।
उदाहरण के लिए, झांसी में प्रकाशित आदेश की रिपोर्ट के अनुसार, 23 अक्टूबर को पूरे संबंधित निर्वाचन क्षेत्र में और 27 अक्टूबर को नगर निगम क्षेत्र में मदिरा की बिक्री पर प्रतिबंध निर्धारित किया गया है।
इसलिए यह कहना सही नहीं होगा कि 23 से 27 अक्टूबर तक लगातार पांच दिनों तक पूरे उत्तर प्रदेश में शराब की दुकानें बंद रहेंगी। प्रतिबंध निर्धारित तिथियों पर लागू होगा और उसकी भौगोलिक सीमा संबंधित प्रशासनिक आदेश से तय होगी।
नियम तोड़ने पर हो सकती है कार्रवाई
जिला प्रशासन ने संबंधित लाइसेंसधारियों को निर्धारित अवधि में शराब की बिक्री बंद रखने के निर्देश दिए हैं। आदेशों का उल्लंघन करने वाले प्रतिष्ठानों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है।
लखनऊ और मिर्जापुर से संबंधित प्रकाशित रिपोर्टों में यह भी बताया गया है कि बंदी के बदले लाइसेंस धारियों को मुआवजा नहीं दिया जाएगा। हालांकि, इस संबंध में संबंधित जिले के आदेश को ही अंतिम आधार माना जाना चाहिए।











